
त्रैमासिक परीक्षा – 2026-27
कक्षा–10वीं
विषय–हिन्दी
समय–3 घंटे पूर्णांक–75
निर्देश :-
- सभी प्रश्न अनिवार्य हैं।
- प्रत्येक प्रश्न के लिए आवंटित अंक उसके सम्मुख अंकित हैं।
- प्रश्न क्रमांक 1 से 5 तक 30 वस्तुनिष्ठ प्रश्न हैं। प्रत्येक उप-प्रश्न पर 1 अंक निर्धारित है।
- प्रश्न क्रमांक 6 से 17 तक कुल 12 प्रश्न हैं। प्रत्येक प्रश्न पर 2 अंक निर्धारित हैं। शब्द सीमा लगभग 30 शब्द है।
- प्रश्न क्रमांक 18 से 20 तक कुल 3 प्रश्न हैं। प्रत्येक प्रश्न पर 3 अंक निर्धारित हैं। शब्द सीमा लगभग 75 शब्द है।
- प्रश्न क्रमांक 21 से 23 तक कुल 3 प्रश्न हैं। प्रत्येक प्रश्न पर 4 अंक निर्धारित हैं। शब्द सीमा लगभग 120 शब्द है।
- प्रश्न 6 से 23 तक सभी प्रश्नों में आंतरिक विकल्प दिए गए हैं।
प्र.1 सही विकल्प चुनकर लिखिए। (1×6=6)
i. छायावाद के प्रतिनिधि कवि हैं—
(अ) ऋतुराज
(ब) जयशंकर प्रसाद
(स) सूरदास
(द) मीराबाई
ii. माँ ने भोलानाथ के घाव पर लगाया—
(अ) कुमकुम
(ब) पिसी हुई हल्दी
(स) दवाई
(द) मरहम
iii. “दिल्ली चलो” नारा किसने दिया था—
(अ) महात्मा गाँधी
(ब) सुभाष चंद्र बोस
(स) जवाहर लाल नेहरू
(द) सरदार पटेल
iv. आलम्बन और उद्दीपन का सम्बन्ध है—
(अ) स्थायी भाव से
(ब) संचारी भाव से
(स) विभाव से
(द) अनुभाव से
v. “नेताजी का चश्मा” पाठ की विधा है—
(अ) एकांकी
(ब) निबंध
(स) व्यंग्य
(द) कहानी
vi. ‘माता का आँचल’ पाठ के आधार पर मकई के खेत में झुंड चर रहा था—
(अ) बकरियों का
(ब) भैंसों का
(स) भेड़ों का
(द) चिड़ियों का
प्र.2 रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए। (1×6=6)
i. चौराहा में __________ समास है।
ii. शब्द की प्रथम शक्ति को __________ कहा जाता है।
iii. गंगटोक से __________ किलोमीटर की दूरी पर यूमथांग था।
(139 / 149 / 159)
iv. ‘आम के आम __________ के दाम’ लोकोक्ति का अर्थ है– दोहरा लाभ प्राप्त होना।
v. अभिनय तत्व की प्रधानता __________ में होती है।
(दृश्य काव्य / श्रव्य काव्य / चम्पूकाव्य)
vi. भोलानाथ और उसके साथी ‘अमोले’ को घिसकर __________ बनाते थे।
प्र.3 सत्य अथवा असत्य लिखिए। (1×6=6)
i. रामचरितमानस महाकाव्य है।
ii. ‘सूरदास के पद’ में ‘तेल की गागरि’ श्रीकृष्ण को कहा गया है।
iii. क्रिया के वर्तमानकाल में काम होने का पता चलता है।
iv. लेखक ने “मइया” के आँचल को प्रेम और शांति के चंदोवे की छाया कहा है।
v. गंगटोक मेहनतकश बादशाहों का शहर है।
vi. रस के सात अंग हैं।
प्र.4 सही जोड़ियाँ बनाइए। (1×6=6)
| स्तम्भ (अ) | स्तम्भ (ब) |
|---|---|
| i. तीन वर्णों का मेल | (क) माता |
| ii. कैप्टन चश्मेवाला | (ख) आभूषण |
| iii. अंधे की लाठी | (ग) यात्रा वृत्तांत |
| iv. साना-साना हाथ जोड़ी | (घ) एकमात्र सहारा |
| v. गले का हार | (ङ) कहानी |
| vi. महतारी | (च) गण |
प्र.5 एक वाक्य में उत्तर लिखिए। (1×6=6)
i. राम–लक्ष्मण–परशुराम संवाद किस घटना के कारण हुआ?
ii. ‘विभाव’ किसे कहते हैं?
iii. अवधी भाषा आज किन क्षेत्रों में बोली जाती है?
iv. “दिल्ली चलो” नारा किसने दिया था?
v. कबीर पंथी मठ से बालगोबिन भगत का क्या सम्बन्ध था?
vi. ‘देहाती दुनिया’ उपन्यास के लेखक कौन हैं?
प्र.6 छायावाद की कोई दो विशेषताएँ लिखिए। (2)
अथवा
रीतिकाल की कोई दो विशेषताएँ/प्रवृत्तियाँ लिखिए।
प्र.7 सूरदास अथवा तुलसीदास की काव्यगत विशेषताएँ लिखिए। (2)
(दो रचनाएँ, भाव-पक्ष, कला-पक्ष के आधार पर)
प्र.8 गोपियाँ कृष्ण के प्रति अपने अनन्य प्रेम को किस प्रकार व्यक्त करती हैं? (2)
अथवा
‘राम-लक्ष्मण-परशुराम संवाद’ के आधार पर राम के स्वभाव की कोई दो विशेषताएँ लिखिए।
प्र.9 लक्ष्मण ने वीर योद्धा की क्या-क्या विशेषताएँ बताई हैं? (2)
अथवा
गोपियों के अनुसार राजा का धर्म क्या होना चाहिए?
प्र.10 हास्य रस की परिभाषा उदाहरण सहित लिखिए। (2)
अथवा
काव्य की परिभाषा लिखिए।
प्र.11 महाकाव्य और खंडकाव्य में कोई दो अंतर लिखिए। (2)
अथवा
‘चौपाई’ छंद के लक्षण व उदाहरण लिखिए।
प्र.12 जीवनी और आत्मकथा में कोई दो अंतर लिखिए। (2)
अथवा
रिपोर्ताज किसे कहते हैं? किसी एक रिपोर्ताज का नाम उसके लेखक सहित लिखिए।
प्र.13 स्वयंप्रकाश अथवा रामवृक्ष बेनीपुरी की साहित्यिक विशेषताएँ लिखिए। (2)
(रचनाएँ + भाषा-शैली)
प्र.14 मूर्ति पर लगा सरकंडे का चश्मा क्या उम्मीद जगाता है? (2)
अथवा
बालगोबिन भगत की दिनचर्या लोगों के अचरज का कारण क्यों थी?
प्र.15 कैप्टन बार-बार मूर्ति पर चश्मा क्यों लगा देता था? (2)
अथवा
बालगोबिन भगत के मधुर गायन की दो विशेषताएँ लिखिए।
प्र.16 संधि की परिभाषा व भेद लिखिए। (2)
अथवा
दो मुहावरों का अर्थ लिखते हुए वाक्यों में प्रयोग कीजिए—
(क) आग में घी डालना
(ख) चार चाँद लगना
प्र.17 भोलानाथ अपने साथियों को देखकर सिसकना क्यों भूल जाता है? (2)
अथवा
बच्चे माता-पिता के प्रति अपना प्रेम कैसे व्यक्त करते हैं?
प्र.18 पद्यांश का सन्दर्भ-प्रसंग सहित भावार्थ लिखिए। (3)
ऊधौ, तुम हौ अति बड़भागी।
अपार रहत सनेह तगा तैं, नहिं मन अनुरागी।
पुराने पत्ते पानी में रहते हैं, इसलिए रस शरीर पर नहीं लगता।
जैसे तेल की सुराही पानी में, उसने एक बूँद भी नहीं देखी।
प्रेम की नदी में पैर मत डुबाओ, रूप मत देखो।
सूरदास अबला हम भोरी, गुरु चोंटी ज्यों पागी।
अथवा
मधुप गुन-गुना कर कह जाता कौन कहानी यह अपनी,
मुरझाकर गिर रहीं पत्तियाँ देखो कितनी आज घनी।
इस गंभीर अनंत-नीलिमा में असंख्य जीवन-इतिहास,
यह लो, करते ही रहते हैं, अपना व्यंग्य-मलिन उपहास।
प्र.19 गद्यांश की सन्दर्भ-प्रसंग सहित व्याख्या लिखिए। (3)
अब हालदार साहब को बात कुछ-कुछ समझ में आई। एक चश्मेवाला है जिसका नाम कैप्टन है। उसे नेताजी की बगैर चश्मेवाली मूर्ति बुरी लगती है। बल्कि आहत करती है, मानो चश्मे के बगैर नेताजी को असुविधा हो रही हो। इसलिए वह अपनी छोटी-सी दुकान में उपलब्ध गिने-चुने फ्रेमों में से एक नेताजी की मूर्ति पर फिट कर देता है। लेकिन जब कोई ग्राहक आता है और उसे वैसे ही फ्रेम की दरकार होती है जैसा मूर्ति पर लगा है तो कैप्टन चश्मेवाला मूर्ति पर लगा फ्रेम संभवतः नेताजी से क्षमा माँगते हुए लाकर ग्राहक को दे देता है और बाद में नेताजी को दूसरा फ्रेम लौटा देता है। वाह। भई खूब। क्या आइडिया है।
अथवा
वह गृहस्थ थे, लेकिन उनकी सब चीज ‘साहब’ की थीं। जो कुछ खेत में पैदा होता, सिर पर लादकर पहले उसे साहब के दरबार में ले जाते जो उनके घर से वार कोस दूर था। एक कबीरपंथी मठ से मतलब वह दरबार में भेंट रूप रख दिया जाकर प्रसाद रूप में जो उन्हें मिलता, उसे घर लाते और उसी से गुजारा चलाते।
प्र.20 ‘धूम्रपान के दुष्परिणाम’ विषय पर 25 से 50 शब्दों का विज्ञापन तैयार कीजिए। (3)
अथवा
‘परोपकार का महत्व’ विषय पर अनुच्छेद लिखिए।
प्र.21 अपठित काव्यांश / गद्यांश पढ़कर प्रश्नों के उत्तर दीजिए। (4)
मनमोहिनी प्रकृति के जो गोद में बसा है,
सुख स्वर्ग सा जहाँ है वह देश कौन-सा है?
जिसका चरण निरंतर रत्नेश धो रहा है
जिसका मुकुट हिमालय, वह देश कौन-सा है?
प्रश्न –
i. ‘रत्नेश’ शब्द के दो पर्यायवाची लिखिए।
ii. यहाँ किस देश की बात हो रही है?
iii. “हिमालय” का सन्धि-विच्छेद करके सन्धि का नाम लिखिए।
अथवा
लोग कहते हैं कि मेरा जीवन नाशवान है। मुझे एक बार पढ़कर लोग फेंक देते हैं। मेरे लिए एक कहावत बनी है “पानी केरा बुदबुदा अस अखबार की जात, पढ़ते ही छिप जात है ज्यों तारा प्रभात।” पर मुझे अपने इस जीवन पर भी गर्व है। मर कर भी मैं दूसरों के काम आता हूँ। मेरे सच्चे प्रेमी मेरे सारे शरीर को फाइल में क्रम से सँभाल कर रखते हैं। कई लोग मेरे उपयोगी अंगों को काटकर रख लेते हैं। मैं रद्दी बनकर भी ग्राहकों की कीमत का एक तिहाई भाग अवश्य लौटा देता हूँ। इस प्रकार महान उपकारी होने के कारण मैं दूसरे ही दिन नया जीवन पाता हूँ और अधिक जोर-शोर से सज-धज के आता हूँ। इस प्रकार एक बार फिर सबके मन में समा जाता हूँ। तुमको भी ईर्ष्या होने लगी है न मेरे जीवन से। भाई ईर्ष्या नहीं स्पर्धा करो। आप भी मेरी तरह उपकारी बनो। तुम भी सबकी आँखों के तारे बन जाओगे।
प्रश्न –
i. उपर्युक्त गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक लिखिए।
ii. अख़बार क्या-क्या लाभ पहुँचाता है?
iii. उपर्युक्त गद्यांश का सारांश लिखिए।
प्र.22 अपने जिले के जिलाधिकारी को ध्वनि विस्तारक यंत्रों पर प्रतिबंध लगाने हेतु आवेदन पत्र लिखिए। (4)
अथवा
पिछले वर्ष की छात्रवृत्ति प्राप्त न होने की सूचना हेतु अपने प्राचार्य को आवेदन पत्र लिखिए।
प्र.23 निम्नलिखित में से किसी एक विषय पर रूपरेखा सहित निबंध लिखिए। (4)
i. स्वच्छ भारत अभियान
ii. विद्यार्थी जीवन में खेलों का महत्व
iii. प्रदूषण नियंत्रण – कारण एवं समाधान
iv. प्रथम स्वतंत्रता संग्राम
v. शिक्षा के क्षेत्र में इंटरनेट की उपयोगिता
